वॉशिंगटन। क्वॉड शिखर सम्मेलन से दूरी बना रहे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को भारतीय रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने एक बड़ा संदेश दिया है। 13वें एशियाई रक्षा मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेने फिलीपींस पहुंचे भारतीय रक्षा मंत्री ने ऑस्ट्रेलिया और जापान के रक्षा मंत्रियों रिचर्ड मारलेस एवं शिंजिरो कोईजूमी के साथ एक बैठक की। ये दोनों देश भी क्वॉड के सदस्य देश हैं। इस बैठक के बाद राजनाथ सिंह ने एक तस्वीर पोस्ट की। इस तस्वीर में राजनाथ सिंह रिचर्ड मारलेस एवं शिंजिरो कोईजूमी के हाथ पकड़े हुए हैं। राजनाथ सिंह ने अपनी पोस्ट के कैप्शन में लिखा ‘JAI: जापान, ऑस्ट्रेलिया, भारत’। भारतीय रक्षा मंत्री ने यह तस्वीर फिलीपींस से पोस्ट की जिसका चीन के साथ समुद्री सीमा विवाद चल रहा है और भारत ने मनीला की सेना को ब्रह्मोस मिसाइल दी है। विश्लेषकों का कहना है कि भारत ने चीन दादागिरी को जवाब देने के लिए अमेरिका की सदस्य वाले क्वॉड की बजाय JAI पर ज्यादा फोकस करना शुरू कर दिया है।ये दोनों ही देश प्रशांत महासागर में भारत के सहयोगी देश हैं। जापान और ऑस्ट्रेलिया के साथ भारत अपना रक्षा संबंध मजबूत कर रहा है। भारत इन दोनों ही देशों के साथ सैन्य अभ्यास कर रहा है। भारत में अब जापानी सेना हथियारों का टेस्ट करने जा रही है।
जापान ने भारत को दिया बड़ा भरोसा
यही गर्मजोशी राजनाथ सिंह और जापानी रक्षा मंत्री शिंजिरो कोईजूमी के साथ मुलाकात के दौरान भी दिखी। इस बैठक के बाद राजनाथ सिंह ने कहा कि मुझे फिलीपींस में जापानी रक्षा मंत्री से मुलाकात करके बहुत खुशी हुई। राजनाथ सिंह ने कहा, ‘हमारी हिंद-प्रशांत क्षेत्र को स्वतंत्र, मुक्त और शांतिपूर्ण बनाए रखने के लिए साझा प्रतिबद्धता है।’ जापानी रक्षा मंत्री ने इस शानदार मुलाकात के लिए राजनाथ सिंह को धन्यवाद दिया। कोईजूमी ने भरोसा दिया कि जापान दोनों देशों के साथ रक्षा समेत सभी तरह के रिश्ते मजबूत करेगा।राजनाथ सिंह ने ऑस्ट्रेलिया के रक्षा मंत्री से भी द्विपक्षीय मुलाकात की और उन्हें एयरो इंडिया-2027 में शामिल होने का न्योता दिया। इस मुलाकात के दौरान भी राजनाथ सिंह ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र को स्वतंत्रत, मुक्त और सुरक्षित बनाने पर जोर दिया। असल में राजनाथ सिंह ने हिंद प्रशांत क्षेत्र को लेकर दिए अपने बयान से चीन को कड़ा संदेश दिया जो इस इलाके में धौंस दिखा रहा है। चीन न केवल फिलीपींस बल्कि जापान और ऑस्ट्रेलिया को भी डराने की कोशिश कर रहा है। चीन ने जापान और ऑस्ट्रेलिया के पास अपने युद्धपोत भेजे हैं। जापान के द्वीपों पर चीन अपना दावा करता है। ऐसे में भारत ने अपने दोस्त देशों को भरोसा दिया है कि वह संकट में उनके साथ खड़ा रहेगा।
क्वॉड से दूरी क्यों बना रहे हैं डोनाल्ड ट्रंप ?
वहीं क्वॉड की बात करें तो इसका शिखर सम्मेलन भारत में होना है लेकिन डोनाल्ड ट्रंप नहीं आ रहे हैं। विश्लेषकों का कहना है कि डोनाल्ड ट्रंप चीन को खुश करने के लिए क्वॉड से दूरी बना रहे हैं। इसीलिए अब भारत, जापान और ऑस्ट्रेलिया क्वॉड माइनस वन यानि अमेरिका की रणनीति पर काम कर रहे हैं। साथ ही यह संदेश दे रहे हैं कि अमेरिका के बिना भी JAI देश अपने संबंधों को मजबूत करते रहेंगे। चीन क्वॉड को अपने खिलाफ एक गठबंधन के रूप में देखता है और इसी वजह से इसको लेकर आक्रामक रहता है। डोनाल्ड ट्रंप अब जी 2 यानि चीन और अमेरिका के गठबंधन पर जोर दे रहे हैं। इससे क्वॉड के अन्य देश भारत, जापान और ऑस्ट्रेलिया खुश नहीं हैं।